सिंगरौली। कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित समय-सीमा बैठक में कलेक्टर गौरव बैनल ने जिले में चल रहे एचपीवी टीकाकरण अभियान की धीमी प्रगति पर नाराजगी जाहिर की। उन्होंने स्वास्थ्य एवं शिक्षा विभाग को आपसी समन्वय बनाकर निर्धारित लक्ष्य के अनुसार शत-प्रतिशत टीकाकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही विद्यालयों और स्वास्थ्य केंद्रों में विशेष शिविर लगाकर अभियान को तेज करने को कहा।
कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित समय-सीमा बैठक में कलेक्टर गौरव बैनल ने एचपीवी टीकाकरण अभियान की धीमी प्रगति पर नाराजगी जताते हुए स्वास्थ्य और शिक्षा विभाग को सख्त निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि आपसी समन्वय बनाकर जिले में शत-प्रतिशत टीकाकरण सुनिश्चित किया जाए और निर्धारित लक्ष्य के अनुसार कार्य पूर्ण कर पालन प्रतिवेदन प्रस्तुत किया जाए।
कलेक्टर ने निर्देश दिए कि स्कूलों और स्वास्थ्य केंद्रों में विशेष शिविर लगाकर टीकाकरण अभियान को तेज किया जाए। साथ ही अभिभावकों को एचपीवी वैक्सीन के लाभों के बारे में जागरूक किया जाए, ताकि अधिक से अधिक लोग इसमें भागीदारी करें। बैठक में रबी उपार्जन की तैयारियों की समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने सभी उपखंड अधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्र में उपार्जन समितियों की बैठक आयोजित कर केंद्रों की व्यवस्थाओं का जायजा लेने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि केंद्रों पर पर्याप्त बारदाना, छाया और पेयजल की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, जिससे किसानों को किसी प्रकार की परेशानी न हो।
अक्षय तृतीया को ध्यान में रखते हुए कलेक्टर ने बाल विवाह रोकथाम के लिए विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए। महिला एवं बाल विकास विभाग को टीम गठित कर निगरानी करने और सूचना मिलने पर तत्काल कार्रवाई करने को कहा गया। साथ ही विवाह में वर-वधु की आयु संबंधी दस्तावेजों की अनिवार्य जांच के निर्देश भी दिए गए। एलपीजी गैस वितरण व्यवस्था पर भी कलेक्टर ने सख्ती दिखाई। उन्होंने जिला आपूर्ति अधिकारी को गैस एजेंसियों की नियमित निगरानी, स्टॉक की समीक्षा और दैनिक रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए। कालाबाजारी पाए जाने पर कड़ी कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई। वहीं नगर निगम को एक माह के भीतर सभी वार्डों में पीएनजी पाइपलाइन विस्तार कार्य पूरा करने के निर्देश दिए गए।
शिक्षा व्यवस्था की समीक्षा में कलेक्टर ने नए सत्र में सभी विद्यार्थियों को समय पर पाठ्यपुस्तकें उपलब्ध कराने और 15 अप्रैल तक सभी स्कूलों में बिजली व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा। साथ ही जिन स्कूलों और छात्रावासों में पेयजल की समस्या है, वहां तत्काल व्यवस्था करने के निर्देश दिए गए। मिड-डे मील की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए जांच दल गठित करने और मेन्यू के अनुसार भोजन उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए। गड़बड़ी मिलने पर संबंधितों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
