सिंगरौली। संभागीय उपायुक्त जनजातीय कार्य एवं अनुसूचित जाति विकास रीवा संभाग श्री जे.पी. यादव ने छात्रावास अधीक्षकों को निर्देश दिए हैं कि वे पूर्ण समय अपने मुख्यालय पर उपस्थित रहकर छात्रावासों की व्यवस्थाओं को बेहतर और सुदृढ़ बनाना सुनिश्चित करें।
छात्रावास अधीक्षक अपने मुख्यालय पर पूर्ण समय उपस्थित रहकर छात्रावासों की व्यवस्थाओं को बेहतर और सुदृढ़ बनाना सुनिश्चित करें। बच्चों के कमरों में पर्याप्त रोशनी, शुद्ध पेयजल तथा शौचालय और बाथरूम में रनिंग वाटर की समुचित व्यवस्था हर हाल में उपलब्ध होनी चाहिए। यह निर्देश संभागीय उपायुक्त, जनजातीय कार्य एवं अनुसूचित जाति विकास रीवा संभाग श्री जे.पी. यादव ने जिला पंचायत सिंगरौली के सभाकक्ष में आयोजित संयुक्त समीक्षा बैठक में दिए।
संभागीय उपायुक्त ने छात्रावासों की सुरक्षा व्यवस्था पर विशेष जोर देते हुए कहा कि परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरे हमेशा चालू हालत में रहें। उन्होंने निर्देश दिए कि बच्चों को उनके पालकों और सगे भाई-बहनों के अलावा किसी अन्य व्यक्ति के साथ न भेजा जाए तथा आने-जाने वाले सभी व्यक्तियों का रिकॉर्ड संधारित किया जाए। उन्होंने छात्रावास भवन और परिसर की साफ-सफाई, बच्चों की व्यक्तिगत स्वच्छता तथा नियमित स्वास्थ्य परीक्षण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। किसी भी बच्चे के बीमार होने पर तत्काल डॉक्टर को दिखाकर उपचार कराने की बात कही गई। श्री यादव ने आगामी शैक्षणिक सत्र 2026-27 में छात्रावासों की सीटें शत-प्रतिशत भरने के निर्देश देते हुए कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में व्यापक प्रचार-प्रसार कर पालकों और बच्चों को छात्रावास में प्रवेश के लिए प्रेरित किया जाए। उन्होंने सामग्री खरीदी में भंडार क्रय नियमों का पालन करते हुए गुणवत्तापूर्ण सामग्री खरीदने पर भी जोर दिया। आगामी वर्षा ऋतु को देखते हुए छात्रावास परिसरों में पौधारोपण, छायादार एवं फलदार पौधे लगाने तथा किचन गार्डन विकसित करने के निर्देश भी दिए गए। साथ ही अधीक्षकों को स्वयं किताबें पढ़ने और बच्चों में भी पठन-पाठन की आदत विकसित करने के लिए प्रेरित किया गया। बैठक में जिला परियोजना समन्वयक श्री राम लखन शुक्ला ने शासन के निर्धारित मीनू के अनुरूप गुणवत्तापूर्ण भोजन उपलब्ध कराने तथा मींस-कम-मेरिट छात्रवृत्ति के अधिक आवेदन भरवाने के निर्देश दिए। वहीं सहायक परियोजना समन्वयक श्रीमती कविता त्रिपाठी ने छात्रावासों का वातावरण आकर्षक और रुचिकर बनाने पर जोर दिया।
