सिंगरौली। रीवा संभाग के कमिश्नर बी.एस. जामोद ने सिंगरौली शहर और जिले के समग्र विकास के लिए सभी विभागों को विस्तृत कार्ययोजना तैयार कर निर्धारित समय सीमा में प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं। कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित बैठक में उन्होंने कहा कि विकास योजना ऐसी हो, जिससे शहर की वर्तमान और भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए व्यवस्थित विकास सुनिश्चित किया जा सके।
रीवा संभाग के कमिश्नर बी.एस. जामोद ने सिंगरौली शहर और जिले के समग्र एवं व्यवस्थित विकास के लिए सभी संबंधित विभागों को विस्तृत कार्ययोजना तैयार कर निर्धारित समय-सीमा में प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं। कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित समीक्षा बैठक में उन्होंने कहा कि विकास योजना में सड़क, फूड पार्क, विद्यालय, चिकित्सालय, खेल मैदान, हाट-बाजार, पेयजल, स्वच्छता और अधोसंरचना विकास जैसे महत्वपूर्ण बिंदुओं को शामिल किया जाए। बैठक में कमिश्नर ने लोक निर्माण विभाग और एमपीआरडीसी को बैढ़न-सरई, देवसर एवं चितरंगी बाईपास सड़कों के निर्माण को प्राथमिकता के साथ कार्ययोजना में शामिल करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि तैयार की जाने वाली सभी योजनाओं को कलेक्टर के परीक्षण के बाद अंतिम रूप दिया जाए। इस दौरान लोक निर्माण विभाग द्वारा परसौना-माड़ा, परसौना-निगाही सहित विभिन्न सड़क परियोजनाओं का प्रस्ताव प्रस्तुत किया गया, जबकि एमपीआरडीसी ने भी प्रस्तावित सड़क निर्माण कार्यों की जानकारी दी। कलेक्टर गौरव बैनल ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि शहर की प्रमुख सड़कों को बाईपास मार्गों से जोड़ने के साथ-साथ उत्तर प्रदेश और छत्तीसगढ़ की सीमाओं तक बेहतर सड़क कनेक्टिविटी सुनिश्चित की जाए। बैठक में यह भी तय किया गया कि देवसर और चितरंगी क्षेत्र की सड़कों को मास्टर प्लान के अनुरूप विकसित किया जाएगा। सभी विभागों को निर्धारित समय के भीतर अपनी-अपनी कार्ययोजनाएं तैयार कर प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए।
