सिंगरौली। नगर पालिक निगम सिंगरौली ने ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम-2026 के प्रभावी क्रियान्वयन के तहत वार्ड क्रमांक-45 में जागरूकता बैठक का आयोजन किया। नगर निगम आयुक्त श्रीमती सविता प्रधान के निर्देश पर आयोजित इस कार्यक्रम में नागरिकों को कचरा प्रबंधन के नए नियमों और स्वच्छता के प्रति जागरूक किया गया।
नगर पालिक निगम सिंगरौली द्वारा ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम-2026 के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए वार्ड स्तर पर जन-जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में वार्ड क्रमांक-45 में वार्ड स्तरीय समिति की बैठक आयोजित कर नागरिकों को नए नियमों और स्वच्छता के प्रति जागरूक किया गया। नगर निगम आयुक्त श्रीमती सविता प्रधान के निर्देश तथा स्वच्छ भारत मिशन के नोडल अधिकारी आर.पी. बैस के नेतृत्व में आयोजित बैठक की अध्यक्षता वार्ड पार्षद रामगोपाल पाल ने की। इस दौरान आईईसी टीम के सदस्य राजन पाण्डेय ने नागरिकों को कचरे के स्रोत पर पृथक्करण, अलग-अलग संग्रहण, वैज्ञानिक निस्तारण तथा निर्माण एवं विध्वंस अपशिष्ट (सीएंडडी वेस्ट) के प्रबंधन की जानकारी दी। बैठक में बताया गया कि स्वच्छ शहर के निर्माण के लिए प्रत्येक नागरिक की भागीदारी जरूरी है। लोगों से घरों और प्रतिष्ठानों में गीले व सूखे कचरे को अलग रखने, खुले में कचरा नहीं फेंकने तथा नगर निगम की डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण व्यवस्था में सहयोग करने की अपील की गई। इसके बाद वार्ड-45 स्थित शिव मंदिर प्रांगण में “सफाई अपनाओ, बीमारी भगाओ” अभियान के तहत जन-जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसमें नागरिकों को स्वच्छता, कचरे के उचित निस्तारण और मौसमी व मच्छरजनित बीमारियों से बचाव के उपाय बताए गए। वार्ड पार्षद रामगोपाल पाल ने कहा कि ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम-2026 का पालन प्रत्येक नागरिक की जिम्मेदारी है। उन्होंने लोगों से अपने घर से ही कचरा पृथक्करण शुरू करने और स्वच्छता अभियान में सक्रिय भागीदारी निभाने की अपील की।
