सिंगरौली। जिले के बंधा कोल ब्लॉक को लेकर एक बार फिर विवाद गहरा गया है। सामाजिक कार्यकर्ता सौरभ देव पांडे ने कोल ब्लॉक प्रबंधन और स्थानीय प्रशासन के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए सख्त चेतावनी दी है। उन्होंने कहा कि यदि कंपनी की मनमानी पर रोक नहीं लगी तो इसके गंभीर परिणाम सामने आ सकते हैं।
जिले के बंधा कोल ब्लॉक में जमीन विवाद को लेकर हालात एक बार फिर गरमा गए हैं। करीब 50 एकड़ से अधिक भूमि को लेकर चल रहे विवाद ने अब बड़ा रूप ले लिया है। सामाजिक कार्यकर्ता सौरभ देव पांडे ने कोल ब्लॉक प्रबंधन और प्रशासन को खुली चेतावनी देते हुए कहा है कि यदि मनमानी नहीं रुकी तो इसके गंभीर परिणाम सामने आएंगे। स्थानीय लोगों का आरोप है कि कोल ब्लॉक में प्रभावित विस्थापितों के अधिकारों की अनदेखी की जा रही है। उन्हें न तो उचित मुआवजा दिया जा रहा है और न ही पुनर्वास की कोई ठोस व्यवस्था की गई है। इससे क्षेत्र में भारी नाराजगी फैल गई है। सौरभ देव पांडे ने कहा कि विस्थापित परिवारों के साथ खुला अन्याय हो रहा है, जिसे किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने प्रशासन से निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। इसी बीच, सूत्रों के हवाले से यह भी आरोप सामने आया है कि पूरे मामले में कथित तौर पर बृजेश सिंह की भूमिका संदिग्ध है। आरोप है कि वे अपने रिश्तेदारों को कोल ब्लॉक क्षेत्र में जमीन दिलाने में सक्रिय हैं और इससे निजी लाभ उठा रहे हैं। विवाद बढ़ने के बाद क्षेत्र में तनाव का माहौल बना हुआ है। अब देखना होगा कि प्रशासन इस मामले में क्या कदम उठाता है और क्या प्रभावित परिवारों को न्याय मिल पाता है या नहीं।
