अलीगढ़। उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ में 16 वर्षीय किशोरी की संदिग्ध मौत के मामले में जिला प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई करते हुए दफनाए जाने के 52 दिन बाद उसका शव कब्र से निकलवाकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। यह कार्रवाई शनिवार को नगर मजिस्ट्रेट अतुल गुप्ता और पुलिस अधिकारियों की मौजूदगी में शाह जमाल कब्रिस्तान में की गई।
जिले मे 16 वर्षीय किशोरी की संदिग्ध मौत के मामले में दफनाए जाने के 52 दिन बाद शव को कब्र से निकालकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया। जिला प्रशासन के आदेश पर शनिवार को नगर मजिस्ट्रेट अतुल गुप्ता और पुलिस अधिकारियों की मौजूदगी में शाह जमाल कब्रिस्तान में यह कार्रवाई की गई। मामला स्थानीय निवासी दुलारे खान की शिकायत के बाद सामने आया। शिकायत में आरोप लगाया गया कि 8 जून को एक घर से चीखने-चिल्लाने की आवाजें सुनाई दी थीं। अगले दिन पता चला कि घर में रहने वाली किशोरी की अचानक मौत हो गई और सूर्योदय से पहले ही उसे दफना दिया गया। शिकायतकर्ता का यह भी आरोप है कि पुलिस को सूचना देने के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं हुई और उन्हें धमकियां भी मिलीं। शिकायत जिलाधिकारी और वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों तक पहुंचने के बाद मामले की दोबारा जांच के आदेश दिए गए। कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और नए साक्ष्यों के आधार पर मामले की विस्तृत जांच की जाएगी।
