एटा। उत्तर प्रदेश के एटा जिले में एक महिला की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत का मामला सामने आया है। गर्भपात के बाद तबीयत बिगड़ने पर उपचार के दौरान 32 वर्षीय महिला ने दम तोड़ दिया। मृतका के परिजनों ने उसके लिव-इन पार्टनर पर जबरन गर्भपात कराने का आरोप लगाया है, जबकि घटना के बाद आरोपी के फरार होने से मामला और गंभीर हो गया है।
जिले में गर्भपात संबंधी जटिलताओं के दौरान एक 32 वर्षीय महिला की मौत का मामला सामने आया है। मृतका के परिजनों ने उसके लिव-इन पार्टनर पर जबरन गर्भपात कराने का आरोप लगाया है। घटना के बाद आरोपी युवक के फरार होने से मामला और भी संदिग्ध हो गया है। पुलिस के अनुसार, नगला मिश्री गांव निवासी शिवा की शादी हरियाणा के रेवाड़ी निवासी सुनील से हुई थी। हालांकि कुछ समय बाद वह पति से अलग होकर अपने मायके लौट आई थी। इसी दौरान गांव के ही अश्वनी से उसके प्रेम संबंध बने और दोनों पिछले करीब डेढ़ वर्ष से लिव-इन रिलेशनशिप में रह रहे थे। परिजनों का आरोप है कि अश्वनी ने शिवा पर गर्भपात कराने का दबाव बनाया था। गर्भपात के बाद उसकी तबीयत लगातार बिगड़ने लगी और पेट में तेज दर्द की शिकायत होने लगी। करीब 10 दिन पहले हालत गंभीर होने पर अश्वनी उसे पहले एटा और फिर आगरा के एक अस्पताल ले गया, जहां उपचार के दौरान शनिवार को उसकी मौत हो गई। मृतका का शव गांव पहुंचने के बाद परिजनों ने हंगामा करते हुए अंतिम संस्कार से इनकार कर दिया। उनका आरोप था कि शिवा की मौत के लिए अश्वनी जिम्मेदार है। बाद में पुलिस के समझाने और हस्तक्षेप के बाद अंतिम संस्कार किया गया। बताया जा रहा है कि शव गांव पहुंचते ही अश्वनी मौके से फरार हो गया। मृतका अपने पीछे दो बच्चों को छोड़ गई है। क्षेत्राधिकारी साकेत नितेश गर्ग ने बताया कि फिलहाल इस मामले में कोई औपचारिक शिकायत प्राप्त नहीं हुई है। शव का पोस्टमार्टम कराया गया है और रिपोर्ट आने के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है।
