सिंगरौली। जिले के ग्राम करसुआ राजा स्थित शासकीय उचित मूल्य दुकान में राशन वितरण में भारी अनियमितता का मामला सामने आया है। रीवा संभाग के कमिश्नर बी.एस. जामोद और कलेक्टर गौरव बैनल ने संयुक्त रूप से दुकान का औचक निरीक्षण किया, जिसमें स्टॉक और वितरण में बड़े पैमाने पर गड़बड़ी पाई गई।
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने भंडार एवं वितरण पंजी का मिलान किया और उपभोक्ताओं से चर्चा कर राशन वितरण की स्थिति की जानकारी ली। जांच में पता चला कि दुकान संचालक ने 450 हितग्राहियों से पीओएस मशीन पर अंगूठे लगवाकर ऑफलाइन पर्चियां तो जारी कर दीं, लेकिन उन्हें वास्तविक रूप से राशन वितरित नहीं किया गया। मौके पर स्टॉक की जांच में रिकॉर्ड और वास्तविक भंडार में भारी अंतर सामने आया। जांच में 70 क्विंटल चावल और 85 क्विंटल गेहूं कम पाया गया, जिससे गरीबों के राशन की कालाबाजारी की आशंका जताई गई है। गंभीर अनियमितता पर नाराजगी जताते हुए कमिश्नर बी.एस. जामोद ने दोषी विक्रेता के खिलाफ आवश्यक वस्तु अधिनियम के तहत तत्काल प्राथमिकी दर्ज करने के निर्देश दिए। साथ ही जिला खाद्य आपूर्ति अधिकारी को घर-घर जाकर राशन वितरण का शत-प्रतिशत भौतिक सत्यापन करने के आदेश दिए गए हैं। प्रशासन ने यह भी निर्देशित किया है कि जिन 450 हितग्राहियों को राशन नहीं मिला, उन्हें पारदर्शिता के साथ तत्काल राशन उपलब्ध कराया जाए।
